संकल्प, मेहनत और शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का सही मार्गदर्शन मिले तो किस तरह एक साधारण महिला भी आत्मनिर्भरता और विकास की नई इबारत लिख सकती है, इसकी बानगी पेश करती हैं बड़वानी जिले के ग्राम तलवाड़ा बुजुर्ग निवासी श्रीमती सुनीता परमार। उन्होंने अपनी मजबूत इच्छाशक्ति और मध्य प्रदेश शासन की महत्वाकांक्षी एमएसएमई प्रोत्साहन योजना के संबल से जिले में फूड प्रोसेसिंग से जुड़ा उद्यम स्थापित किया है। आज वे न केवल खुद एक सफल उद्यमी बन चुकी हैं, बल्कि क्षेत्र के अन्य लोगों के लिए भी रोजगार का जरिया बन गई हैं। उद्योग विभाग के सहयोग से रखी अन्नपूर्णा कॉर्पाेरेशन की नींव श्रीमती सुनीता परमार ने जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र, बड़वानी के मार्गदर्शन और सहयोग से अन्नपूर्णा कॉर्पाेरेशन नाम से एक आधुनिक बीज प्रोसेसिंग यूनिट की स्थापना की है। इस यूनिट के माध्यम से मुख्य रूप से गेहूं, चना, सोयाबीन और अन्य ग्रामसीड (बीज) की आधुनिक तकनीकी (लेजर) से प्रोसेसिंग और ग्रेडिंग का कार्य किया जा रहा है, जिससे किसानों को उच्च गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध हो रहे हैं। शासकीय योजनाओं से मिला संबल 1.64 करोड़ रुपये से अधिक का अनुदान इस बीज प्रोसेसिंग प्लांट की कुल पूंजी राशि 3,43,59,383/- रुपये है। मध्य प्रदेश सरकार की एमएसएमई प्रोत्साहन योजना के तहत महिला उद्यमियों को मिलने वाले विशेष प्रोत्साहन का लाभ उठाते हुए, जिला स्तरीय सहायता समिति द्वारा इस यूनिट पर 48 प्रतिशत यानी 1,64,92,504/- रुपये के उद्योग विकास अनुदान (सब्सिडी) की स्वीकृति प्रदान की गई है। इस वित्तीय सहायता ने सुनीता परमार के व्यावसायिक सफर को और अधिक सुगम और मजबूत बना दिया है। 15 लोगों को मिल रहा प्रत्यक्ष रोजगार सुनीता परमार का यह उद्यम केवल आर्थिक लाभ तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सामाजिक सरोकार का भी एक सशक्त केंद्र बन गया है। उनकी इस यूनिट के माध्यम से वर्तमान में क्षेत्र के 15 स्थानीय लोगों को प्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिल रहा है। इससे ग्रामीण अंचल के परिवारों की आजीविका भी बेहतर हुई है। महिला सशक्तिकरण की जीवंत तस्वीर श्रीमती सुनीता परमार की यह सफलता की कहानी प्रदेश की अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणास्रोत है। यह साबित करती है कि यदि ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाएं आगे आएं और शासन की योजनाओं का लाभ उठाएं, तो वे आर्थिक रूप से सशक्त होने के साथ-साथ समाज और अर्थव्यवस्था के विकास में भी एक अहम योगदान दे सकती हैं।